Jind breaking news Safidon : 26 जनवरी को देश ही राजधानी दिल्ली को दहलाने की साजिश में जींद जिले के सफीदों शहर के वार्ड नंबर पांच निवासी एक युवक को उसी के मकान से सोमवार को हिरासत में लिया गया है। युवक को हिरासत में लेने के लिए पंजाब के लुधियाना से पुलिस की टीम पहुंची। युवक पर खालिस्तानियों के संपर्क में होने का शक जताया जा रहा है। वह अपनी फेसबुक पर भी खालिस्तानियों के फोन नंबरों की डीपी लगाकर रखता था।
जानकारी के अनुसार सोमवार शाम को पंजाब पुलिस की टीम सफीदों के वार्ड संख्या 5 में पहुंची। यहां से 36 वर्षीय कुलदीप उर्फ कालू को पुलिस टीम ने उसके मकान से हिरासत में लिया। कुलदीप पर आरोप है कि 26 जनवरी को खालिस्तान समर्थकों के साथ मिलकर दिल्ली में आतंकी हमला करने की प्लानिंग में वह शामिल है। इससे पहले पुलिस ने लुधियाना के लोगों को भी इसी मामले में पकड़ा था। उनसे बातचीत में कुलदीप का नाम सामने आया है। इसके बाद पुलिस सफीदों में पहुंच कर कुलदीप को हिरासत में लेकर गई है।
Jind Safidon News : 2019 में डोंकी के रास्ते गया था अमेरिका
कुलदीप 2019 में डोंकी के रास्ते से अमेरिका गया था। उसी समय अमेरिका पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया और जेल में 10 माह तक बंद रखा। 2020 में जेल से बाहर आने के बाद में उसे भारत भेज दिया था। कुलदीप पर सफीदों में 2016 में सड़क हादसे को लेकर एक मामला दर्ज है। कुलदीप अपनी दादी, मां, बाप, एक बहन के साथ रहता है। कुलदीप शादीशुदा है और उसके दो बच्चे हैं। कुलदीप सफीदों में खेतीबाड़ी का काम करता था।

Jind Safidon News : आतंकवादियों के साथ पोस्टर चस्पा किए
कुलदीप उर्फ कालू के साथ पुलिस ने हरविंदर उर्फ रंधा, कुलवंत, कुलदीप उर्फ कालू, अवतार सिंह, करणवीर, हर्शदीप उर्फ हर्श, भूपेंद्र उर्फ भिंडरा, पुरुषोतम उर्फ पम्मा, वाधवा सिंह उर्फ बबर, गुरमित समेत 10 आतंकियों के पोस्टर दिल्ली में जहग-जगह चस्पा किए हैं। दिल्ली समेत अन्य प्रदेशों की पुलिस ने दिल्ली के लोगों से आग्रह किया है कि इन आतंकियों को देखे जाने पर उन्हें तुंरत सूचित करें।
Jind Safidon News : पहले भी आतंकवादियों के संपर्क में रह चुका सफीदों का मृतक रत्नदीप
इससे पहले भी सफीदों के तार खालिस्तानी प्रमुख से जुड़े रहे हैं। गांव रोहड़ निवासी रत्नदीप भी बब्बर खालसा टाइगर फोर्स के एक्टिव सदस्य रह चुका है। वह कई देशों में रहा। रत्नदीप बैलजियम से आने के बाद पाकिस्तान गया था। धीरे-धीरे वह देश के खिलाफ अपनी गतिविधियों को अंजाम देने लगा। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया था।
पूछताछ में रतनदीप ने बताया था कि वह छह से ज्यादा बार पाकिस्तान से भारत में विस्फोट करने के लिए आरडीएक्स भेज चुका था। उसने पंजाब व चंडीगढ़ के कई इलाकों में विस्फोट किए थे। हालांकि इन धमाकों में किसी के जान नहीं गई।
रतनदीप पर चंडीगढ़ के सेक्टर 34 में 1999 में आरडीएक्स को प्लांट करने पर, 2010 में अमृतसर के सेक्टर 13 में आरडीएक्स धमाके में शामिल था। पंजाब पुलिस द्वारा बब्बर खालसा ग्रुप के सदस्य रतनदीप को 2010 में आतंकवादी घोषित कर 10 लाख रुपये का इनाम रखा था।
Jind Safidon News : पहले भी आ चुका जींद के सफीदों के युवक का नाम
पंजाब, चंडीगढ़, दिल्ली व हरियाणा के साथ कई राज्यों की पुलिस को रतनदीप की तलाश थी। वह इतना शातिर था कि पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों को चकमा देकर फरार हो जाता था। रतनदीप को यूपी के गोरखपुर से पंजाब व दिल्ली पुलिस ने 18 सितंबर 2014 में गिरफ्तार किया था। उसे पंजाब की नाभा जेल से हरियाणा व दिल्ली पुलिस प्रोटेक्शन वारंट लेकर कई बार गई थी।
17 दिसंबर 2019 में वह सभी केसों में बरी होकर जेल से बहार आ गया था। वह हिंदी, अंग्रेजी, पंजाबी के साथ उर्दू व आजरी भाषा भी जानता था। रतनदीप की तीन अप्रैल 2024 को पंजाब के नवाशहर के बलाचौर इलाके में बाइक सवार युवकों ने गोलियां मारकर हत्या कर दी थी।

