Haryana Ayodhya Special Train: हरियाणा सरकार की और से बुजुर्गों को तीर्थ यात्रा के दर्शन करवाने के लिए नई पहल की गई है इसी के चलते जो बजुर्ग आर्थिक तंगी के चलते अयोध्या नहीं जा पा रहे थे , उनके लिए यह काफी ख़ुशी की बात है। आने वाली 26 मार्च को अम्बाला रेलवे स्टेशन से एक विशेष ट्रेन श्रद्धालुओं को राम जन्म भूमि अयोध्या के लिए लेकर जाएगी। इस भक्तिमय सफर की शुरुआत खुद मुख्यमंत्री नायब सैनी दोपहर 3 बजे हरी झंडी दिखाकर करेगें। Haryana Ayodhya Special Train
खास बात यह है कि इस यात्रा का पूरा खर्च हरियाणा सरकार द्वारा उठाया जाएगा। जिसके चलते अब भगति के मार्ग में बढ़ा नहीं बनेगी।
कल तक है आखिरी मौका: ऐसे करें फटाफट रजिस्ट्रेशन Haryana Ayodhya Special Train

अगर आप भी आपके परिवार के किसी भी बुजुर्ग के साथ इस पावन यात्रा का हिस्सा बनना चाहतें है तो आप भी जिला सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी बिजेंद्र कुमार के मुताबिक, आवेदन की अंतिम तिथि 22 मार्च कल से पहले पहले ऑनलाइन पोर्टल के मध्य से आवेदन कर सकतें है। यह पोर्टल saralharyana.nic.in के नाम से है।
इस पर आवेदन करने के लिए आपको पासपोर्ट साइज कि 2 फोटो होने के साथ ही आपकी कुल परिवारिक आया 1.80 लाख रुपये से कम होनी चाहिए। इसके अलावा आप हरियाणा के भी स्थाई निवासी होने चाहिए।
अंबाला से दिल्ली तक जुड़ेगा कारवां, इन स्टेशनों पर होगा ठहराव Haryana Ayodhya Special Train
यह ट्रेन अयोध्या जाने वाली यह स्पेशल ट्रेन अंबाला से चलकर कुरुक्षेत्र, करनाल, पानीपत और सोनीपत जैसे प्रमुख स्टेशनों से होते हुए नई दिल्ली पहुंचेगी। इन जिलों के पंजीकृत श्रद्धालु अपने नजदीकी स्टेशन से ट्रेन में सवार हो सकेंगे। वहीं, गुरुग्राम और फरीदाबाद के लाभार्थियों को दिल्ली रेलवे स्टेशन पर खुद पहुंचना होगा, जहां से वे इस सफर का हिस्सा बनेंगे। सरकार की इस पहल से उन बुजुर्गों के चेहरों पर खुशी है जो अब तक रोडवेज बसों की सीमित क्षमता के कारण वेटिंग में थे। अब ट्रेन के जरिए एक साथ बड़ी संख्या में श्रद्धालु रामलला के दरबार में हाजिरी लगा सकेंगे।
रोडवेज के बाद अब ट्रेन से ‘तीर्थ सेवा’ Haryana Ayodhya Special Train
हरियाणा में तीर्थ दर्शन योजना को अब बड़े स्तर पर अमलीजामा पहनाया जा रहा है। पहले जहां रोडवेज बसों के जरिए छोटे जत्थों को धर्मस्थलों पर भेजा जा रहा था, वहीं अब स्पेशल ट्रेन चलाने से इस योजना को नई गति मिली है। सरकार का उद्देश्य है कि प्रदेश का हर वह बुजुर्ग, जिसकी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है, वह अपने जीवनकाल में एक बार ससम्मान तीर्थ यात्रा कर सके। अधिकारियों ने सलाह दी है कि यात्रा के दौरान सभी लाभार्थी अपना ओरिजिनल आधार कार्ड साथ रखें ताकि वेरिफिकेशन में कोई परेशानी न आए।

