एकता क्रांति न्यूज, चंडीगढ़।
Haryana News : हरियाणा सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल और सीवरेज व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। अब गांवों की पंचायतों को जल आपूर्ति और सीवरेज से जुड़े कई महत्वपूर्ण अधिकार दिए जाएंगे। इस नई व्यवस्था का उद्देश्य ग्रामीण स्तर पर समस्याओं का तेज समाधान, पारदर्शिता और स्थानीय भागीदारी को बढ़ाना है।
सरकार की योजना के तहत पहले चरण में प्रदेश की करीब 4 हजार पंचायतों को यह अधिकार सौंपे जाएंगे। इसके बाद चरणबद्ध तरीके से अन्य पंचायतों को भी इस प्रणाली से जोड़ा जाएगा। इससे गांवों में पानी की सप्लाई, पाइपलाइन मरम्मत, अवैध कनेक्शन और सीवरेज प्रबंधन जैसे कार्यों में तेजी आने की उम्मीद है।
Haryana News : पंचायतों को मिलेंगे ये अधिकार
नई नीति के अनुसार पंचायतें अब पेयजल आपूर्ति से जुड़े कई फैसले स्वयं ले सकेंगी। पंचायतें जरूरत के अनुसार नई पाइपलाइन बिछाने, पुरानी लाइन की मरम्मत करवाने और जल आपूर्ति व्यवस्था की निगरानी का कार्य करेंगी। इसके साथ ही अवैध पानी कनेक्शन काटने और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई का अधिकार भी स्थानीय समितियों को मिलेगा। सरकार का मानना है कि गांव स्तर पर निर्णय लेने से समस्याओं का समाधान जल्दी होगा और लोगों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।

Haryana News : पांच सदस्यीय समितियों का होगा गठन
जल एवं सीवरेज कार्यों की निगरानी के लिए पंचायत स्तर पर पांच सदस्यीय समितियां बनाई जाएंगी। इन समितियों में जनस्वास्थ्य विभाग के तकनीकी कर्मचारी, ग्राम सचिव, ऑपरेटर और पंचायत प्रतिनिधि शामिल होंगे। समिति गांव में जल आपूर्ति की स्थिति पर नजर रखेगी और जरूरत पड़ने पर नए प्रस्ताव तैयार कर विकास कार्यों को आगे बढ़ाएगी। इन समितियों की जिम्मेदारी सिर्फ निगरानी तक सीमित नहीं होगी, बल्कि संचालन और रखरखाव में भी इनकी सक्रिय भूमिका रहेगी।
Haryana News : महिलाओं की भागीदारी पर विशेष जोर
नई व्यवस्था में महिलाओं की भागीदारी को प्राथमिकता दी गई है। प्रत्येक 500 घरों पर एक महिला नेता नियुक्त करने की योजना बनाई गई है। यदि किसी गांव की आबादी अधिक होगी तो वहां दो महिला प्रतिनिधियों की नियुक्ति भी की जा सकेगी।

सरकार का उद्देश्य महिलाओं को जल प्रबंधन से जोड़कर सामाजिक भागीदारी को मजबूत करना है। इसके लिए महिलाओं को प्रशिक्षण और प्रोत्साहन राशि देने की भी योजना तैयार की गई है।
Haryana News : गांवों में सुधरेगी जल व्यवस्था
विशेषज्ञों का मानना है कि पंचायतों को अधिकार मिलने से ग्रामीण क्षेत्रों में जल संकट और सीवरेज समस्याओं का समाधान अधिक प्रभावी तरीके से हो सकेगा। स्थानीय स्तर पर निगरानी होने से पाइपलाइन लीकेज, पानी की बर्बादी और अवैध कनेक्शन जैसी समस्याओं पर नियंत्रण लगेगा।
इसके अलावा गांवों में जल संरक्षण और स्वच्छता के प्रति लोगों की जागरूकता भी बढ़ेगी। सरकार इसे ग्रामीण विकास और बेहतर जीवन स्तर की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मान रही है।

