Education news : सरकारी स्कूलों में बाल वाटिका- 3 से कक्षा आठवीं तक जिले के किसी भी ब्लाक में पाठ्य पुस्तक नहीं पहुंच पाई हैं। पांच अप्रैल को शाम छह बजे तक उचाना ब्लाक के कुछ स्कूलों में किताबें आई हैं। हालांकि नया सत्र एक अप्रैल से शुरू हो चुका है। लेकिन पर्याप्त संख्या में किताबें नहीं आने के कारण फिलहाल पुराना सिलेबस रिविजन करवाया जा रहा है।
शिक्षा विभाग के द्वाा सफाइ (Education news)
शिक्षा विभाग ने नए सत्र की शुरुआत में ही विद्यार्थियों को किताबें मुहैया करवाए जाने को लेकर दिसंबर माह में डाटा मांगा था। पिछले सत्र में बाल वाटिका में छात्र संख्या 4670, पहली कक्षा में 5644, दूसरी कक्षा में 5094, तीसरी कक्षा में 5085, चौथी कक्षा में 7289, पांचवीं कक्षा में 8421, छठी कक्षा में 8886, सातवीं कक्षा में 9107 और आठवीं कक्षा में विद्यार्थियों की संख्या 9557 थी। अभी शिक्षक राजकीय स्कूलों में छात्र संख्या बढ़ाने के लिए घर-घर जाकर मिड डे मील, सुपर-100, मिशन बुनियाद, वर्दी भत्ता सहित अन्य योजनाओं के बारे में जानकारी दे रहे हैं। हालांकि शिक्षा विभाग का प्रयास था कि नए सत्र की शुरुआत में विद्यार्थियों के लिए किताबें मुहैया कराई जा सकें।
क्या कहता है शहर का निदेशालय ? (Education news)
निदेशालय ने दिसंबर माह में बाल वाटिका-3 से कक्षा आठवीं के विद्यार्थियों के लिए शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए पाठ्यपुस्तकों की मांग बारे प्रदेश के सभी जिला मौलिक शिक्षा अधिकारियों को पत्र जारी किया था। निदेशालय ने पत्र में कहा था कि प्रत्येक वर्ष की तरह शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए भी बाल वाटिका-3 से कक्षा आठवीं के लिए पाठ्य पुस्तकों की डिमांड के आधार पर सप्लाई की जानी है। यह कार्य गत वर्ष की भांति आनलाइन माध्यम से किया जाना है। ताकि डिमांड सीधे डीईईओ के माध्यम से विभाग तक पहुंचे और समय रहते पाठ्यपुस्तकें विद्यार्थियों तक पहुंच सकें।
एमआइएस पोर्टल पर जिला का मॉडल (Education news)
पाठ्यपुस्तकों की डिमांड भरने के लिए विद्यालय के एमआइएस पोर्टल पर बनाया गया टेक्स्ट बुक डिमांड माड्यूल तैयार किया गया था। इसमें पाठ्यपुस्तक की डिमांड की जिम्मेदारी विद्यालय के मुखिया की निर्धारित की गई थी और मुखिया को ओटीपी के माध्यम से डिमांड को सत्यापित भी करना था। निदेशालय ने पत्र में निर्देश दिए थे कि विद्यालय द्वारा भेजी गई डिमांड में किसी भी प्रकार की गलती त्रुटि के लिए संबंधित विद्यालय मुखिया स्वयं जिम्मेदार होंगे।

पहली से आठवीं कक्षा के विद्यार्थियों को मिलेंगी यह किताबें (Education news)
शिक्षा विभाग द्वारा राजकीय स्कूलों में आठवीं कक्षा तक विद्यार्थियों को मुफ्त किताबें मुहैया करवाई जाती हैं। इसमें से पहली कक्षा के विद्यार्थियों को अंग्रेजी, हिंदी के साथ-साथ गणित विषय हिंदी व अंग्रेजी मीडियम के हिसाब से मिलेंगी। वहीं दूसरी कक्षा के विद्यार्थियों को अंग्रेजी, हिंदी, गणित और तीसरी, चौथी व पांचवीं के विद्यार्थियों को अंग्रेजी, हिंदी, गणित, ईवीएस विषय की पुस्तकें शिक्षा विभाग द्वारा भेजी जाएंगी। छठी कक्षा में हिंदी, अंग्रेजी, गणित, सामाजिक विज्ञान, विज्ञान, संस्कृत, संगीत, होम साइंस, सातवीं कक्षा में हिंदी, अंग्रेजी, गणित, विज्ञान, पंजाबी, संस्कृत और आठवीं कक्षा में हिंदी, अंग्रेजी, गणित, सामाजिक विज्ञान, संस्कृत, ड्राइंग, होम साइंस, पंजाबी जैसे विषयों की पुस्तकें भेजी जाएंगी।
जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी महेंद्र सिंह ने बताया कि, बाल वाटिका 3 से लेकर आठवीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए सत्र 2026-27 के लिए पुस्तकों की डिमांड विद्यालय शिक्षा निदेशालय को पिछले दिनों भेजी गई थी। कुछ स्कूलों में पुस्तकें आ चुकी हैं तो कुछ में आना बाकी है। जल्द ही सभी स्कूलों में आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों को किताबें मुहैया हो जाएंगी। किताबें सीधे स्कूलों में भेजी जा रही हैं।

