Bribery Case Haryana: हरियाणा में भ्र्ष्टाचार पर कार्यवाही करते हुए एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने अम्बाला और रोहतक के 2 सरकारी कर्मचारियों को रंगे हाथ रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया है। यह अधिकारी रोहतक की सहकारी शुगर मिल के है इसमें चीफ कैमिस्ट को 2.5 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ दबोचा गया है।
जबकि आंगनबाड़ी सुपरवाइजर को अम्बाला में 2 हज़ार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया है। दोनों मामलों में शिकायत मिलने के बाद ट्रैप ऑपरेशन के तहत कार्यवाही करते हुए ओप्रशन को अंजाम तक पहुंचाया गया। आंगनबाड़ी सुपरवाइजर को वेतन जारी करने के लिए रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया है। Bribery Case Haryana
रोहतक में शुगर मिल के चीफ कैमिस्ट 2.5 लाख लेते गिरफ्तार Bribery Case Haryana

जैसे की पहले भी बताया गया है की रोहतक के भाली आनंदपुर स्थित सहकारी शुगर मिल में तैनात मुख्य रसायनविद मनोज कुमार को एंटी करप्शन ब्यूरो ने 2.5 लाख रुपये रिश्वत लेते हुए पकड़ा है जबकि शिकायतकर्ता एक निजी फर्म से जुड़ा था, जिसने आरोप लगाया कि अधिकारी ने बिल को पास करवाने के लिए और चीनी गुणवत्ता को सही दिखने के लिए रिश्वत की मांग की थी। Bribery Case Haryana
ACB ने शिकायत की जांच के बाद ट्रैप ऑपरेशन चलाया। जैसे ही आरोपी ने पैसे स्वीकार किए, टीम ने मौके पर ही उसे हिरासत में ले लिया। Bribery Case Haryana
अंबाला में आंगनबाड़ी सुपरवाइजर वेतन जारी करने के बदले रिश्वत लेते पकड़ी गई
अम्बाला में भी ऐसा ही मामला देखने को मिला है यहाँ आंगनबाड़ी सुपरवाइजर मीनू को वेतन जारी करने के लिए करीब 2 हज़ार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया है।
शिकायत के अनुसार Bribery Case Haryana
आंगनबाड़ी हेल्पर का बैंक खाता तकनीकी कारण से बंद हो गया था। जिसके चलते तीन महीने का वेतन अटका हुआ था , और नया खाता खुलवाने और वेतन जारी कराने के लिए रिश्वत मांगी गई। इसमें बताया गया कि आरोपी ने कुल 4 हजार रुपये मांगे थे, जिसमें से 2 हजार रुपये लेते समय एसीबी ने कार्रवाई की। Bribery Case Haryana
एंटी करप्शन ब्यूरो ने कैसे की कार्रवाई
एसीबी ने दोनों मामलों में योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप ऑपरेशन किया। कार्रवाई की प्रक्रिया में पीड़ित से लिखित में शिकायत लेने के बाद ही साबुत के तोर पर बात की पृष्टि करके टीम गठित की गई जिसके बाद रिश्वत लेते ही आरोपी को मौके पर गिरफ्तार किया गया। एसीबी अधिकारी के अनुसार, आरोपियों से पूछताछ जारी है और उन्हें अदालत में पेश किया जाएगा। भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्ती क्यों जरूरी है क्योकिं भारत में सरकारी सेवाओं में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए भ्रष्टाचार पर रोक लगाना जरूरी माना जाता है।

