aaj ka mausam: मौसम के लगातार बदल रहे अंदाज़ ने एक बार सभी को हैरान कर दिया है जिसके चलते अप्रैल में भी फरवरी जैसी ठंड देखने को मिल रही है। इस बार देश के ज्यादातर हिस्सों में ओलावृष्टि और ठंडी हवाओं के कारण तापमान में इतनी गिरावट देखने को मिली है। जिसके चलते अब पाकिस्तान और जम्मू-कश्मीर के ऊपर सक्रिय एक शक्तिशाली पश्चिमी विक्षोभ के कारण पुरे उत्तर भारत में मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है। Aaj ka mausam
भारतीय मौसम विभाग के मुताबिक आने वाले 24 से 48 घंटे के लिए दिल्ली NCR और बिहार तक करीब 11 राज्यों में 80 किलोमीटर प्रति घटे की रफ़्तार से तूफानी हवाएं का अलर्ट जारी किया गया है। वही हरियाणा की बात करें तो यहाँ रोहतक और नारनौल जैसे इलाकों में पारा सामान्य से 12 डिग्री सेल्सियस तक नीचे लुढ़क गया है, जिससे लोगों को पंखे बंद कर दोबारा चादरें निकालनी पड़ गई हैं।
हरियाणा में ओलावृष्टि का डर, किसानों की बढ़ी चिंता Aaj ka mausam

हरियाणा के लिए आज का दिन काफी संवेदनशील रहने वाला है। मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन के अनुसार, राज्य के कई जिलों में गरज-चमक के साथ 40-50 किमी घंटा की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। सबसे ज्यादा चिंता का विषय ओलावृष्टि है। इसी के चलते पिछले 24 घंटों में दिन के तापमान में करीब 5.7°C की कमी आई है। हिसार और करनाल जैसे जिलों में दिन का पारा सामान्य से 8-9 डिग्री नीचे बना हुआ है। Aaj ka mausam
कृषि विशेषज्ञों ने दोटूक कहा है कि किसान फिलहाल फसलों की कटाई या सिंचाई न करें। तेज हवाओं और ओलों से गेहूं और सरसों की तैयार फसल को भारी नुकसान पहुंच सकता है।
दिल्ली-NCR का हाल
देश की राजधानी में आज दोपहर या शाम के समय मौसम फिर करवट लेगा। दिल्ली में हल्की से मध्यम बारिश और ओलावृष्टि की प्रबल संभावना है। दिल्ली का न्यूनतम तापमान 15-17 डिग्री के आसपास रहने की उम्मीद है, जो अप्रैल के लिहाज से काफी कम है। वही उत्तर प्रदेश, राजस्थान और बिहार के ऊपर बने साइकिलॉनिक सर्कुलेशन ने बंगाल की खाड़ी से नमी खींच ली है, जिससे यह प्री-मानसून बारिश इतनी आक्रामक हो गई है।
इन राज्यों में येलो और ऑरेंज अलर्ट Aaj ka mausam
मौसम विभाग ने देश के अलग-अलग हिस्सों के लिए विस्तृत चेतावनी जारी की है जिसके चलते पूर्वी भारत पश्चिम बंगाल में हवाएं 80 किमी/घंटा तक पहुंच सकती हैं। बिहार और झारखंड में भी बिजली गिरने का खतरा है। वही पहाड़ी क्षेत्र हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में भारी बर्फबारी और बारिश का अलर्ट है। और दक्षिण भारत तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में भी गरज-चमक के साथ छींटे पड़ सकते हैं।
आगे क्या 11 अप्रैल से एक और नया मोड़
राहत की बात यह है कि 9 अप्रैल से मौसम थोड़ा शुष्क होना शुरू होगा, जिससे तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होगी। हालांकि, यह राहत ज्यादा लंबी नहीं टिकेगी। IMD के अनुसार, 11 अप्रैल से एक और नया पश्चिमी विक्षोभ हिमालयी क्षेत्रों में दस्तक देने वाला है, जो एक बार फिर मैदानी इलाकों के मौसम को अस्थिर कर सकता है। ग्लोबल वार्मिंग और स्थानीय मौसमी कारकों ने अप्रैल की गर्मी को फिलहाल बैकफुट पर धकेल दिया है।

