Haryana Weather: हरियाणा में मार्च की शुरुआत ही सुहावने मौसम के साथ हुई थी लेकिन अब फिर से सूरज की तपिश आने को तैयार है। जिसके चलते अब किसानो को भी बारिश से राहत मिलेगी लेकिन अब शुरू होगा लू का सिलसिला। वही मौसम विभाग IMD के अनुसार भी आज 12 अप्रैल को राज्य के ज्यादातर हिस्सों में मौसम साफ़ रहेगा।
जिसके चलते धुप अपना त्तेज प्रकोप दिखा सकती है। हालाँकि राहत की बात यह है की अभी एक और पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने वाला है लेकिन उसे पहले धुप का सिलसिला देखने को मिलेगा। Haryana Weather
तापमान में 5 डिग्री तक उछाल की संभावना Haryana Weather

पिछले कुछ समय से रुक रुक कर हो रही बारिश के चलते अब पारे में एकदम वृद्धि होने के आसार सामने आ रहे है। मौसम विभाग के मुताबिक अगले करीब 24 घंटे के दौरान 4 से 5 डिग्री तक तापमान में वृद्धि होने की उम्मीद है। जिसके चलते आज के दिन की शुरुआत अम्बाला में तेज धुप और साफ आसमान के साथ हुई है। जिससे दोपहर के समय लू जैसे हालात महसूस किए जा सकते हैं। हालांकि, सुबह और शाम के समय अभी भी हल्की ठंडक बरकरार है, लेकिन रात होते-होते हवाओं का रुख बदलने के आसार हैं।
इन जिलों में भीषण गर्मी का अलर्ट
मौसम विभाग ने विशेष रूप से दक्षिण और मध्य हरियाणा के कई जिलों में गर्मी का प्रभाव बढ़ने की चेतावनी दी है। जिन क्षेत्रों में तापमान सामान्य से अधिक रहने की उम्मीद है, उनमें शामिल हैं उनमे औद्योगिक और शहरी क्षेत्र है जैसे गुरुग्राम, रोहतक और झज्जर। Haryana Weather
वही सिरसा, भिवानी, जींद, कैथल और पानीपत जैसे जिलों में में शुष्क हवाएं चलने के कारण लोगों को बाहर निकलते समय सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
13 और 14 अप्रैल का पूर्वानुमान Haryana Weather
भले ही आज गर्मी परेशान कर रही है, लेकिन राहत की उम्मीद अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुई है। मौसम विभाग के अनुसार, 12 अप्रैल की रात से एक ताजा पश्चिमी विक्षोभ हिमालयी क्षेत्रों में सक्रिय हो रहा है। इसका असर हरियाणा के मैदानी इलाकों पर कुछ इस तरह पड़ेगा जिसके चलते 13 अप्रैल को प्रदेश के पश्चिमी हिस्सों में धूल भरी आंधी चलने और बादल छाए रहने की संभावना है। हल्की हवाएं चलने से पारे में मामूली गिरावट दर्ज की जा सकती है।
14 अप्रैल की बात करें तो उत्तरी हरियाणा के जिलों में कहीं-कहीं बूंदाबांदी या हल्की बारिश हो सकती है। कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि यह समय रबी की फसलों की कटाई और मंडियों में आवक का है। ऐसे में तेज धूप कटाई के लिए तो अच्छी है, लेकिन 13-14 अप्रैल को संभावित आंधी और बूंदाबांदी को देखते हुए किसानों को अपनी कटी हुई फसल सुरक्षित स्थानों पर रखने की सलाह दी गई है।

