Lado Lakshmi Yojana: हरियाणा में आम जन को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए सरकार द्वारा लगातार नई नई योजनाए चलकर प्रयास किए जा रहे है ऐसे ही अब फिर सरकार ने महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए लड़ो लक्ष्मी योजना और किसानों की खराब हुई फसलों के लिए भी मुआवजा जारी किया है जिसके चलते कई लाभार्थियों के खतों में करोड़ों रुपये डाले गए है। Lado Lakshmi Yojana
जिसके चलते CM ने चंडीगढ़ में लड़ो लक्ष्मी योजना के तहत 7वीं किस्त डालते हुए करीब 205 करोड़ रुपये की राशि महिलाओं के खतों में डाली है।
बजुर्गों से लेकर विधवा तक 18 पेंशन योजना के लिए 1146.73 करोड़ रुपए ट्रांसफर Lado Lakshmi Yojana

जानकारी के लिए बता दें कि लड़ो लक्ष्मी योजना के अलावा भी करीब 35 .62 लाख लोगों के खतों में 1146.73 करोड़ रुपए ट्रांसफर किए गए है यह राशि विधवा और बुढ़ापा , बेसहारा दिव्यांग जैसी योजना को मिलकर कुल 18 प्रकार की योजन के तहत लाभार्थियों के खतों में डाल दी गई है। इसके अलावा भी करीब 215.29 करोड़ रुपए की राशि दयालु योजना के तहत वितरित की गई है।
फसलों के नुकसान के लिये भी मुआवजा जारी
मार्च से अप्रैल में होने वाली बे मौसमी बरसात के चलते किसानों के खतों में कारण 370.52 करोड़ रुपए की राशि मुआवजे तो तौर पर 150,583 किसानों के बैंक अकाउंट में डाली गई है। इसके अलावा करीब 38.54 करोड़ रुपए सब्सिडी के रूप में 11.23 लाख पात्र महिला के खतों में सब्सिडी के रूप में डाली गई है। जिसके चलते सभी किसानों से लेकर महिलाओं के चेहरे खिल उठे है। Lado Lakshmi Yojana
छात्रों के लिए भी छत्रवती का प्रावधान Lado Lakshmi Yojana
CM ने कहा कि हरियाणा में बीसी और एससी वर्ग के बच्चों को भी छत्रवती के लिए केंद्र सरकार के राष्ट्रीय छात्रवृति पोर्टल से कनेक्ट किया गया है जिसके चलते करीब 100 करोड़ रुपये से भी ज्यादा की राशि छात्रों के खतों में डाली गई है। बता दें कि यह राशि 64,923 छात्रों को छात्रवृत्ति के रूप में ही वितरित की गई है।
भावांतर भरपाई योजना के तहत राशि जारी
सरकार द्वारा चलाई जा रही भवंतर भरपाई योजना के तहत भी फूलगोबी और आलू के किसानों को भी करीब 38.88 करोड़ रुपये की राशि जारी की गई है। Lado Lakshmi Yojana
इसमें कुल 5296 किसान शामिल है। इसके साथ ही रबी की फसल के लिए MSP की खरीद भी और फसलों के J फार्म को सीधा व्हाट्सअप पर भेजने के लिए भी नई ऐप जारी की गई है। जिसके चलते अब किसानों को J फार्म लेने के लिए आढ़ती के पास जाने की भी जरुरत नहीं है। अब J फार्म सीधे किसान को उसने WhatsApp नंबर पर ही मिल जाएगा।

