Haryana Weather: हरियाणा में मौसम का मिजाज इस बार कुछ अलग ही देखने को मिला है जिसके चलते अप्रैल में फरवरी जैसी ठंढ देखने को मिली है इसी के चलते अब अप्रैल के मध्य तक आते आते झुलसने वाली गर्मी भी देखने को मिलेगी। हालाँकि अभी मार्च के अंत और अप्रैल के शुरू में तो बादलों के घेरे ने मौसम को काफी खुशनुमा बनाया हुआ था लेकिन अब ठंडे दिन बीत गए है और लू का प्रकोप आने वाला है।
जिसके चलते मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है कि अब प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ का असर लगभग समाप्त हो गया है। और गर्मी की रफ़्तार तेज हो गई है। Haryana Weather
पिछले कुछ हफ्तों से हरियाणा के फरीदाबाद, गुरुग्राम और दिल्ली-एनसीआर के इलाकों में एक के बाद एक आए पश्चिमी विक्षोभ के कारण तापमान सामान्य से काफी नीचे बना हुआ था। कई जिलों में तो लोगों को दिन के समय भी हल्की जैकेट निकालने पर मजबूर होना पड़ा, लेकिन अब आसमान साफ होते ही सीधी धूप जमीन को तपाना शुरू कर चुकी है। Haryana Weather
14 अप्रैल तक 38 डिग्री छू सकता है तापमान Haryana Weather

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले 4-5 दिनों में राज्य के अधिकतम तापमान में 4 से 6 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी देखी जा सकती है। 14 अप्रैल तक प्रदेश के कई हिस्सों में पारा 38 डिग्री सेल्सियस के पार जाने का अनुमान है।
राहत की बात बस इतनी है कि अभी फिलहाल मौसम विभाग ने लू को लेकर कोई चेतावनी जारी नहीं की है। लेकिन सुबह 11 बजे के बाद निकलने वाली तेज धूप और कम होती हवाओं की गति यह संकेत दे रही हैं कि अब कूलर और एसी चलाने का वक्त आ गया है।
बीती रात के आंकड़ों पर एक नजर
पहाड़ी इलाकों में हुई हालिया बर्फबारी और मैदानी इलाकों में हुई बारिश का असर अभी भी न्यूनतम तापमान में नजर आ रहा है। गुरुवार को प्रदेश के अलग-अलग शहरों में न्यूनतम तापमान कुछ इस तरह दर्ज किया गया:
शहर न्यूनतम तापमान (°C)
करनाल 14.9
चंडीगढ़ 12.3
पानीपत 13.0
हिसार 14.8
महेंद्रगढ़ 14.3
वहीं अगर अधिकतम तापमान की बात करें, तो बीते 24 घंटों में गुरुग्राम 33 डिग्री के साथ प्रदेश का सबसे गर्म इलाका रहा, जबकि भिवानी और रोहतक में यह 31 डिग्री के आसपास बना रहा।
खेती और सेहत पर क्या होगा असर Haryana Weather
अचानक बढ़ते तापमान का असर केवल जनजीवन पर ही नहीं, बल्कि रबी की फसलों पर भी देखने को मिल सकता है। कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि जो गेहूं की फसल अभी कटाई के दौर में है, तेज धूप उसे सुखाने में मदद करेगी, लेकिन तापमान में एकदम से आया यह उछाल आम लोगों की सेहत बिगाड़ सकता है।
आगे केसा होगा मौसम
IMD के अनुसारअगले एक सप्ताह तक किसी बड़े पश्चिमी विक्षोभ की संभावना नहीं है। आसमान मुख्य रूप से साफ रहेगा, जिससे तपिश बढ़ेगी। यह कहना गलत नहीं होगा कि हरियाणा ने अब औपचारिक रूप से सफेद गर्मी के दौर में प्रवेश कर लिया है।

