Hydrogen train India: हरियाणा में हइड्रोजन ट्रैन का परीक्षण शुरू किया जा रहा है। यह सबसे पहले जींद जिले से बुधवार को सुबह करीब 8:30 पर जींद जक्शन से ट्रैन को रवाना किया गया। इसके उपरांत ट्रैन को भम्भेवा स्टेशन पर रोककर सभी तकनिकी चीजों की जाँच की गई जिसके उपरांत परीक्षण सफल रहने पर यह ट्रैन सोनीपत रूट पर नियमित रूप से चलने की अनुमति मिल सकती है।
रेलवे के मुताबिक हइड्रोजन ट्रेन का प्रस्ताव स्वच्छ ऊर्जा की रेल सेवा भारत में देने का पहला और महत्वपूर्ण कदम है। इसी के चलते परीक्षण के समय ट्रैन के इंजन और सुरक्षा प्रणाली के अलावा इंजन क्षमता के बारे में भी समीक्षा की जा रही है। Hydrogen train India
हाइड्रोजन ट्रेन क्या है और क्यों खास है Hydrogen train India

यह नई हइड्रोजन ट्रैन डीजल इंजन के स्थान पर हाइड्रोजन फुले सेल की तकनीक पर कार्य करती है। इसमें हाइड्रोजन के साथ ऑक्सीजन के संयोग से बिजली पैदा होती है जिससे यह ट्रैन चलती है। इस प्रक्रिया में केवल पानी ही वाष्प के रूप में बहार निकलता है। प्रदूषण न के बरबरा रहता है। जानकरों के मुताबिक डीजल इंजन की तुलन में हाइड्रोजन ट्रैन कम प्रदूषण करती है जिसके चलते यह ट्रैन भारत के हरित ऊर्जा लक्ष्यों के अनुरूप कदम है।
ट्रायल में किन पहलुओं की हो रही जांच
ट्रेन के परीक्षण के दौरान निम्न बिंदुओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है इसमें इंजन की अधिकतम और औसत गति के अलावा ब्रेकिंग सिस्टम की कार्यक्षमता और ईंधन खपत और ऊर्जा दक्षता पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इसमें ट्रैक और सिग्नलिंग सिस्टम का समन्वय किया जा रहा है और सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा है। जानकारी के मुताबिक इस ट्रेन का सफल परीक्षण के बाद इससे सोनीपत ट्रैक पर चलाया जा सकता है। Hydrogen train India
यह कदम क्षेत्रीय रेल नेटवर्क को उन्नत बनाने की दिशा में भी अहम माना जा रहा है। हरियाणा और आसपास के क्षेत्रों में यातायात दबाव को देखते हुए स्वच्छ ऊर्जा आधारित विकल्पों की आवश्यकता लंबे समय से महसूस की जा रही थी।
क्यों महत्वपूर्ण है यह पहल
भारत सरकार ने वर्ष 2030 तक कार्बन उत्सर्जन में उल्लेखनीय कमी लाने का लक्ष्य तय किया है। रेलवे, जो देश के सबसे बड़े परिवहन नेटवर्क में से एक है, इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। हाइड्रोजन ट्रेन का सफल संचालन होने पर डीजल पर निर्भरता कम होगी और परिचालन लागत में संभावित कमी आएगी जिसके चलते पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा और तकनीकी आत्मनिर्भरता मजबूत होगी। Hydrogen train India

