एकता क्रांति न्यूज नेटवर्क। Monsoon Update : दक्षिण-पश्चिम मानसून ने तीन दिन की देरी के बाद आखिरकार केरल में दस्तक दे दी है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मानसून के आगमन की औपचारिक घोषणा कर दी है। इसके साथ ही देश में चार महीने तक चलने वाले वर्षा ऋतु की शुरुआत हो गई है। मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि मानसून धीरे-धीरे आगे बढ़ते हुए जून के अंतिम सप्ताह तक हरियाणा पहुंच सकता है।
मौसम विभाग के अनुसार, केरल में मानसून के आगमन के लिए निर्धारित सभी मौसमीय मानक पूरे हो चुके हैं। अब अगले कुछ दिनों में यह कर्नाटक, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और महाराष्ट्र के कई हिस्सों में सक्रिय होगा। हरियाणा में मानसून सामान्य से चार से पांच दिन की देरी से पहुंच सकता है और 25 से 30 जून के बीच इसके प्रवेश की संभावना जताई गई है।
Monsoon Update : सामान्य से बेहतर बारिश की उम्मीद
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि इस वर्ष मानसून के दौरान देश में औसत से करीब 90 प्रतिशत वर्षा होने का अनुमान है। यह कृषि क्षेत्र के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। अच्छी बारिश से खरीफ फसलों की बुवाई को गति मिलेगी और जलाशयों में जलस्तर भी बढ़ेगा।
इधर मानसून के आगे बढ़ने के साथ-साथ एक नया पश्चिमी विक्षोभ भी सक्रिय हुआ है, जिसके कारण उत्तर भारत के कई राज्यों में मौसम ने करवट ली है। हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, उत्तराखंड, गुजरात और मध्य प्रदेश के कई इलाकों में बारिश दर्ज की गई। कुछ स्थानों पर तेज हवाओं और ओलावृष्टि की भी सूचना मिली है।
Monsoon Update : हरियाणा में आंधी-बारिश का असर
हरियाणा के कई जिलों में बुधवार और वीरवार को तेज आंधी और बारिश देखने को मिली। फरीदाबाद, पलवल, फतेहाबाद, रेवाड़ी, भिवानी, नारनौल, जींद, झज्जर और हिसार सहित कई क्षेत्रों में मौसम अचानक बदल गया। हिसार के बालसमंद क्षेत्र में धूल भरी आंधी चली, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ।
Monsoon Update : कृषि और अर्थव्यवस्था के लिए अहम है मानसून
देश में होने वाली कुल वार्षिक वर्षा का लगभग 70 से 90 प्रतिशत हिस्सा मानसून के चार महीनों में ही प्राप्त होता है। भारत की करीब 60 प्रतिशत खेती अब भी मानसूनी बारिश पर निर्भर है, जबकि देश की लगभग 46 प्रतिशत आबादी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से कृषि क्षेत्र से जुड़ी हुई है। ऐसे में मानसून का प्रदर्शन न केवल किसानों बल्कि पूरी अर्थव्यवस्था के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।



