Education News : हरियाणा में इस साल नए सैशन में HBSE द्वारा प्रस्तावित किताबें ही होंगी लागू

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Haryana Education News : जींद । हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड (HBSE) द्वारा प्रस्तावित निर्धारित किताबें ही नए सत्र में विद्यार्थियों के लिए लागू होंगी। इस संबंध में बोर्ड ने प्रदेश के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को पत्र जारी किया है। जारी पत्र के अनुसार बोर्ड ने कहा शैक्षणिक सत्र 2026-27 सत्र शुरू हो चुका है। ऐसे में जिला शिक्षा अधिकारी हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड से संबंधित विद्यालयों के विद्यार्थियों के लिए बोर्ड द्वारा प्रस्तावित पाठ्य पुस्तकें लगवाना सुनिश्चित करें।

जींद जिले में 724 राजकीय स्कूल हैं, जिसमें एक लाख से अधिक विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। वहीं जिलेभर में 396 प्राइवेट स्कूल हैं। राजकीय स्कूलों में पहली से आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों को निशुल्क किताबें शिक्षा विभाग की ओर से विद्यार्थियों को भेजी जाती हैं। नया सत्र शुरू हो चुका है। ऐसे में विभाग की ओर से राजकीय स्कूलों में पहली से आठवीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए किताबें भेजी जा रही हैं।

Education News : NCERT की किताबों से 3 गुणा महंगी प्राइवेट पब्लिशर की किताबें

वहीं नौवीं से 12वीं कक्षा में राजकीय स्कूलों में शिक्षा विभाग की ओर से एनसीईआरटी या बोर्ड द्वारा प्रस्तावित किताबें ही लगवाई जाती हैं। इसके अलावा निजी स्कूलों में भी शिक्षा विभाग की ओर से एनसीईआरटी की किताबें लगवाने के निर्देश दिए जाते हैं, लेकिन निजी स्कूल संचालक विभागीय आदेशों को दरकिनार करते हुए महंगी-महंगी निजी प्रकाशकों की किताबें लगवाते हैं। निजी प्रकाशकों की किताबें एनसीईआरटी की अपेक्षा तीन से चार गुना महंगी होती हैं। अब हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड ने निर्देश दिए हैं कि संबंधित सभी स्कूलों में बोर्ड द्वारा प्रस्तावित किताबें लगवाई जाएं।

In Haryana only the books prescribed by the HBSE will new academic session this year.
In Haryana only the books prescribed by the HBSE will new academic session this year.

Education News : निजी प्रकाशकों की किताबें लगवाने के नाम पर कमीशन का शुरू हो जाता है खेल

नए सत्र की शुरुआत पर जिले में निजी प्रकाशकों की किताबें लगवाने के नाम पर कमीशन का खेल शुरू हो जाता है। एनसीईआरटी की जगह निजी प्रकाशकों की किताबों के रेट में तीन से चार गुणा का अंतर है। एनसीईआरटी की 60 रुपये वाली किताब की जगह निजी प्रकाशक की 250 से 300 रुपये प्रिंट रेट किताबें बेची जा रही हैं। एनसीईआरटी की किताबें का पहली से लेकर पांचवीं तक पूरे सेट 400 से 550 रुपये के बीच हैं, जबकि निजी प्रकाशकों की किताबें 1500 से लेकर 2000 रुपये तक आती हैं।

वहीं छठी से लेकर आठवीं तक एनसीईआरटी की किताबों के दाम 800 से 900 रुपये हैं, जबकि निजी प्रकाशकों की पुस्तकों के दाम लगभग 3500 रुपये तक है। नौवीं, दसवीं और 11वीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए एनसीईआरटी का सेट लगभग 1100 से 1300 रुपये का है, जबकि निजी प्रकाशकों की पुस्तकों के 5500 रुपये से ज्यादा निर्धारित हैं।

हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की ओर से निर्देश मिले हैं। संंबंधित सभी स्कूलों में बोर्ड द्वारा प्रस्तावित किताबें ही लगवाई जाएं। इसके लिए सभी स्कूल संचालकों को बता दिया गया है। अगर कोई स्कूल संचालक बोर्ड द्वारा प्रस्तावित की जगह दूसरी किताबें लगवाए मिलता है, उसके खिलाफ विभागीय खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।                     –रितु पंघाल, जिला शिक्षा अधिकारी जींद

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Rahul Hindustani
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राहुल हिंदुस्तानी हरियाणा की पत्रकारिता में सक्रिय एक निर्भीक और जनसरोकारों से जुड़े पत्रकार हैं। राहुल हिंदुस्तानी जमीनी मुद्दों, प्रशासनिक मामलों और राजनीतिक गतिविधियों पर सटीक व निष्पक्ष रिपोर्टिंग के लिए जाने जाते हैं। उनकी पत्रकारिता की पहचान है—तथ्य आधारित खबरें, बेबाक अंदाज और जनहित को प्राथमिकता।

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